जयपुर: लोकतंत्र और सार्वजनिक नीति में युवाओं की भागीदारी को सशक्त बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल के तहत भारतीय युवा संसद (Indian Youth Parliament – IYP) 2026 का 31वां राष्ट्रीय अधिवेशन 15 से 17 सितंबर तक जयपुर में आयोजित किया जाएगा। इस आयोजन में देशभर से युवा प्रतिभागियों के शामिल होने की उम्मीद है, जिन्हें राष्ट्रीय मुद्दों पर विचार-विमर्श करने, नेतृत्व कौशल विकसित करने और लोकतांत्रिक संस्थाओं की कार्यप्रणाली को समझने का अवसर मिलेगा।
ऐसे समय में जब युवा वर्ग शासन, नवाचार और सामाजिक परिवर्तन से जुड़े विषयों पर अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है, युवा संसद उन्हें सार्थक संवाद का एक प्रभावशाली मंच प्रदान करेगी। मॉक संसदीय सत्रों, नीतिगत बहसों और संवादात्मक चर्चाओं के माध्यम से प्रतिभागी लोकतांत्रिक प्रक्रियाओं का प्रत्यक्ष अनुभव प्राप्त करेंगे तथा अपने संचार और आलोचनात्मक चिंतन कौशल को और मजबूत बना सकेंगे।
इस पहल का उद्देश्य युवाओं को केवल दर्शक बनकर रहने के बजाय राष्ट्र निर्माण में सक्रिय भागीदारी के लिए प्रेरित करना है। समाज और देश को प्रभावित करने वाले मुद्दों पर अपनी बात रखने का अवसर देकर यह कार्यक्रम जागरूक, जिम्मेदार और आत्मविश्वासी भविष्य के नेताओं को तैयार करने का प्रयास करेगा।
शिक्षाविदों और युवा विकास से जुड़े विशेषज्ञों का मानना है कि ऐसे मंच नागरिक जागरूकता बढ़ाने और युवाओं को निर्णय लेने की प्रक्रियाओं में भागीदारी के लिए प्रोत्साहित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। यह आयोजन प्रतिभागियों को देश के विभिन्न हिस्सों से आए साथियों, मार्गदर्शकों और विशेषज्ञों के साथ नेटवर्किंग का अवसर भी प्रदान करेगा।
देशभर से आने वाले प्रतिनिधियों के स्वागत की तैयारी कर रहे जयपुर के लिए यह आयोजन इस बात का प्रतीक है कि भारत का भविष्य उसके युवाओं के विचारों, ऊर्जा और नेतृत्व क्षमता में निहित है। लोक सेवा, पत्रकारिता, कानून, शासन या सामाजिक परिवर्तन के क्षेत्र में रुचि रखने वाले छात्रों के लिए यह केवल एक सम्मेलन नहीं, बल्कि सीखने, नेतृत्व करने और सकारात्मक बदलाव लाने का एक महत्वपूर्ण अवसर है।










